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Ocean dark obsession 2

India

Mumbai,

एक आलीशान मेंशन । मेंशन सफेद संगमरमर से बना एक अत्यंत भव्य और खूबसूरत महल था।  सुनहरे नक्काशीदार दरवाज़े और चमचमाते झूमर उसकी शाही शान को दर्शाते थे। चारों ओर रंग-बिरंगे फूलों से सजे बगीचे और बीच में बहता सुंदर फव्वारा उसकी सुंदरता में चार चाँद लगा रहे थे। दूर से देखने पर वो किसी स्वर्ग से उतरी राजसी नगरी जैसा प्रतीत होता था।    

  उस महल जैसे घर के नेम प्लेट पर बड़े और बहुत ही सुंदर अक्षरों में लिखा था  ,

Shekhawat Mansion   ,

ऐसे तो वहां पर शांति थी पर अचानक से वहां पर अफरा तफरी तसमच गई   । दो-तीन गार्ड मिलकर उसके गेट को खोलने लगे और बाकी के गार्ड अपने पोजीशन  लेकर खड़े हो गय ।

कुछ ही देर में वहां back to back 7 बहुत ही महंगी और लक्जरी गाड़ियां उस गेट से enter हुए ।

कुछ देर बाद  ,

शेखावत हाउस के लिविंग रूम मैं बिल्कुल ही सन्नाटा छाया हुआ था ।  सोफे पर एक औरत बैठी हुई थी और उसने अपना सर नीचे झुकाया हुआ था  । उसके अगल-बगल तीन लड़कियां खड़ी थी  । उन्होंने भी अपने सर को नीचे झुकाया हुआ था  । और उनके चेहरे पर डर साफ-साफ दिखाई दे रहा था ।

और सामने एक आदमी अपने जेब में हाथ डालें अपने सामने बैठी औरत को घुर रहा था ।

वहां पर इतनी शांति थी कि , उन लोगों के सांसों की आवाज भी वहां जैसे गूंज रही हो ।

तभी वो आदमी थोड़ी ऊंची आवाज में कहता है ; तो श्रीमती शेखावत आप कुछ कहना नहीं चाहेंगी । आपने जो गलती की है। उसकी सजा क्या होनी चाहिए ।

सजा का नाम सुनते हैं वो औरत अपना सर ऊपर करके उस आदमी को अपनी बड़ी-बड़ी आंखों से देखने लगी और कहा ; सजा केसी सजा....

और आप मुझे अभी भी सजा देंगे आपको समझ में नहीं आता आपकी उम्र हो गई है और मेरी भी हमारे बच्चे इतने बड़े-बड़े हो गये और आप मेरे बच्चों के सामने ही मुझे सजा देने की बात कर रहे हैं थोड़ा तो सर्म  कीजिए मिस्टर शेखावत ।

उस औरत की बात सुनकर वो आदमी जो कोई और नहीं बल्कि  Shiv Shekhawat था । ऐसे तो उसकी उम्र 46 साल की थी पर देखने से वो 30 साल से ज्यादा का नहीं लगता था । उसकी भूरी और गहरी आंखें आज भी बहुत  ही नशीली थी । उसकी आंखों में इतनी गहराई थी की कोई भी उस गहराई में खुद को खो दे ।

उस औरत यानी अपनी बीवी की बातें सुनकर शिवा अपने होठों को टेढ़ा कर कर हल्का सा मुस्कुराया और कहा ; अपनी blue eyes को दिखाकर अब आप मुझे नहीं डरा सकती आपने गलती की है तो इसकी सजा आपको मिलेगी ।

शिव की बात सुनकर उनकी पत्नी यानि की गोरी ने अपना मुंह लटका लिया क्योंकि वो जानती थी कि शिव अपनी बात को मानव के ही छोड़ेगा ।

शिव की पत्नी यानि गोरी अभी भी दिखने में बहुत ही ज्यादा खूबसूरत थी उसकी उम्र 42 की होगी पर वो दिखने में वो भी 27  से ज्यादा कि नहीं लगती थी और उसकी वो नीली आंखें जैसे समय के साथ और भी ज्यादा खूबसूरत हो गई थी ।

वही उसके बगल में खड़ी तीनों लड़कियां अपनी हंसी दबा कर खरी थी उन्हें डर भी बहुत लग रहा था और हंसी भी बहुत आ रही थी ।

वही गौरी ने जब अपने बगल में खड़ी तीनों लड़कियों को देखा तो उन्हें गुस्सा आने लगा क्योंकि वो समझ रही थी कि वो लड़कियां उन पर हंस रही है ।

Shiv आगे बढ़ता उससे पहले ही ना जाने गोरी को क्या सुझा कि उसके आंखों में आंसू आ गए और वो अपनी आंसू से भरी आंखों से शिव को देखने लगी ।

वही  shiv में जब गौरी के आंखों में आंसू देखे तो उसने अपने सर ना में हिला दिया और गहरी सांस लेकर कहा ; अभी-अभी कहा आप ने कि हमारे बच्चे अब बड़े हो गए हैं और अपनी हरकतें देखिए  बच्चों से भी ज्यादा बच्ची हो आप। 

अभी ये मत सोचना कि मैं तुम्हें माफ कर दूंगा सजा तो तुम्हें मिलेगी ।

इतना कहकर शिव गौरी के पास आया और उसे अपने गोद में उठाकर अपने रूम में ले गया वही गोरी तो अपने बच्चों के सामने ऐसा होते देख शिव के सीने में अपना चेहरा छुपा लिया । उसे सच में बहुत शर्म आ रही थी पर वो अपने पति को भी जानती थी बेचारी कुछ नहीं कर सकती थी ।

वही उनके जाने के बाद भी वहां खड़ी तीनों लड़कियां जोर-जोर से हंसने लगी ।

वो अभी हंसी रही थी कि तभी main गेट से एक आवाज आई  ; What up girls,  क्या बात है इतनी हंसी क्यों आ रही है मेरे आने से पहले यहां कुछ हुआ था क्या अगर हुआ था तो जल्दी-जल्दी बताओ मैं भी थोड़ा हंस लु ।

उस लड़के की बात सुनकर वे तीनों ने बाड़ी-बाड़ी उस लड़के को वहां हुआ सब कुछ बताया जिसे सुनकर वो भी हंस पड़ा और कहा ; वैसे मानना पड़ेगा आज भी मेरे मामा पापा का प्यार इतना ही है जितना पहले था ।

इस बात पर वहां मौजूद सभी ने अपना सर हां मे हिलाया ।

आइए जान लेते हैं कि ये चारों कौन है ।

वहां मौजूद एक सबसे बड़ी लड़की जिसके उम्र अभी 21 साल की होगी वो  है tara Shekhawat . इस घर की सबसे लाडली और चहती बेटी ।

और अगर मां-बाप इतनी खूबसूरत है तो जाहिर सी बात है बेटी भी बहुत ही ज्यादा खूबसूरत होगी बिल्कुल उसी तरह तारा की आंखें उसके पापा पर गई थी यानी एकदम brown आंखें और खूबसूरती उसकी मां पर ।

वैसे तो तारा का ग्रेजुएशन खत्म हो गया था । और अब वो अपनी ही कंपनी में इंटर्नशिप कर रही थी  ।

और बेचारी के पास ऑप्शन भी नहीं था उसकी कंपनी दुनिया की सबसे बेस्ट फैशन डिजाइनर कंपनी थी ।

ऐसा बिल्कुल भी नहीं था कि तारा को स्पेशल ट्रीटमेंट दिया जाता था । तारा उस कंपनी में as a  एम्पलाईिंग काम करती थी कोई स्पेशल ट्रीटमेंट ना वो लेती थी और ना ही उसके पापा देते थे यहां तक की बहुतो को तो ये तक नहीं पता था कि तारा उस कंपनी की founder की बेटी है।

वही वहां मौजूद दूसरी लड़की आरोही जो कि अभी 19 साल की थी तारा की  चाचा की बेटी । वो  भी दिखने में किसी अप्सरा से काम नहीं थी । लेकिन उसकी आंखें ब्लैक थी शायद उसकी मां की थी ब्लैक ।

उसकी मां को एक बहुत बड़ा सदमा लगा था जिसकी वजह से वो  हॉस्पिटल में थी ।   उसके पापा यानी तारा के चाचा अब इस दुनिया में नही थे और उनकी मौत कैसे हुई ये तो आगे पता चलेगा  । उनकी मौत के पीछे कुछ ऐसा था जिसे शेखावत फैमिली सबसे छुपा के रखी थी  ।

और तीसरी लड़की थी हमारी प्यारी क्यूट हीरोइन धारा जो की 19 साल की थी और आरोही की बेस्ट फ्रेंड थी । आरोही के चलते वो हमेशा शेखावत मेंशन में आते रहती थी जिस कारण तारा और बाकी सभी से वो घुल मिल गई थी और सभी को उसका स्वभाव बहुत ही अच्छा लगता था ।

दूध-सा गोरा नहीं, बल्कि हल्का गेहुँआ, जो उसकी प्राकृतिक खूबसूरती को और निखारता था। कमर तक लंबे, रेशमी, गहरे काले।  बड़ी, black eyes, जिनमें मासूमियत के साथ एक अजीब-सी गहराई छिपी थी।

नाज़ुक नैन-नक्श, गुलाबी होंठ और मुस्कुराने पर गालों में पड़ने वाले हल्के डिंपल।

खूबसूरत थी, लेकिन उसे अपनी खूबसूरती पर कभी घमंड नहीं था। उसके लिए इंसान की पहचान उसके दिल से होती थी, चेहरे से नहीं।

दुनिया की नज़रों में वो एक साधारण, शांत और मासूम लड़की थी... लेकिन किस्मत ने उसके लिए कुछ और ही लिख रखा था।

उसे ज़रा भी अंदाज़ा नहीं था कि एक दिन समुद्र का सबसे खौफनाक और रहस्यमयी माफिया किंग उसकी ज़िंदगी में तूफ़ान बनकर आएगा। और उसी दिन से उसकी दुनिया हमेशा के लिए बदल जाएगी।

धारा अनाथ थी और अनाथ आश्रम के बच्चों को डांस सिखाती थी और साथ ही वो कई जगह क्लासेस में लेती थी । और साथ ही में वो पढ़ाई में भी बहुत ही ज्यादा होशियार थी जिस कारण उसका एडमिशन मुंबई के सबसे बड़े कॉलेज और school में स्कॉलरशिप पर हो गया था जहां पर उसकी मुलाकात आरोही से हुई और उन दोनों की दोस्ती हो गई।

ऐसे तो उनकी दोस्ती क्लास 8 में ही हो गई थी और अब तक उनकी दोस्ती बहुत ही ज्यादा गहरी हो गई थी. ।

फिलहाल वो दोनों अभी कॉलेज के फर्स्ट ईयर में थे ।

वही वो लड़का कोई और नहीं बल्कि Vayu Shekhawat था । देखने में वो भी काम नहीं था बिल्कुल किसी हीरो के जैसा बल्कि हीरो से भी कई ज्यादा हैंडसम  । आखिर होता भी क्यों ना dna मे ही वो था उसकी आंखें भी brown थी । उस की age 22 year की थी ।

ऐसा नहीं था कि वो हमेशा । मजाक और शैतानियां कर कर हंसता रहता था । वो बात अलग है कि उसकी ही शैतानियां से उसके घर वाले परेशान रहते थे । लेकिन काम के बहुत ही ज्यादा सीरियस रहता था काम के वक्त केवल काम और मजाक के वक्त मजाक करता था और उसे अपनी फैमिली से बहुत ही ज्यादा प्यार था ।

Thank you aaj ke liye bass itna hi ...

Aage next chapter mai bhut bara thriller  hai ..

To skip maat karna...

Or plzz.. support  karna plzz... like kar dena or reviews bhi dena plzz.. acha lege to ....

Plzz...

Radha Radha...

8277247

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